हरियाणा सरकार राज्य में सभी परिवारों को आवास उपलब्ध कराने के लिए सक्रिय रूप से कार्यरत है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हाल ही में बजट सत्र में घोषणा की कि सरकार का लक्ष्य है कि राज्य में कोई भी परिवार बिना मकान के न रहे।
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत, राज्य में 77,000 परिवारों को आवास प्रदान करने की प्रक्रिया चल रही है। मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए हैं कि अगले 15 दिनों में जियो टैगिंग की प्रक्रिया पूरी की जाए, ताकि लाभार्थियों को मकान निर्माण के लिए आर्थिक सहायता शीघ्र उपलब्ध कराई जा सके।
इसके अतिरिक्त, मुख्यमंत्री ग्रामीण आवास योजना 2.0 के तहत, महाग्राम पंचायतों में 50 वर्ग गज और सामान्य ग्राम पंचायतों में 100 वर्ग गज के भूखंड आवंटित किए जा रहे हैं। पहले चरण में 62 ग्राम पंचायतों में 4,533 परिवारों को भूखंड दिए गए हैं, और अगली प्रक्रिया के लिए 1,000 पंचायतों का चयन किया गया है।
रेवाड़ी जिले में गरीब और आवासहीन परिवारों की पहचान के लिए सर्वेक्षण शुरू किया गया है। जिनके पास कच्चे, टूटे-फूटे या दरारयुक्त मकान हैं, वे इस योजना के लिए पात्र हैं। आवेदन के लिए, आवेदक अपने मोबाइल फोन से हाउसिंग प्लस ऐप और आधार फेस रोड मैप जैसे ऐप डाउनलोड कर सकते हैं। सर्वेक्षण के बाद, पात्र लाभार्थियों को आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी।
इन योजनाओं के माध्यम से, हरियाणा सरकार का उद्देश्य है कि राज्य में कोई भी परिवार बिना अपने मकान के न रहे, जिससे सभी नागरिकों को सुरक्षित और स्थायी आवास मिल सके।